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₹150.00 Original price was: ₹150.00.₹120.00Current price is: ₹120.00.
स्वातंत्र्योत्तर भारत की राजनीति पर आधारित यह उपन्यास वर्णनात्मक यथार्थ में भावनात्मक सत्य तलाशने का एक प्रयास है। पूर्व गृह सचिव वोहरा की एक रिपोर्ट के अनुसार देश में माफिया एक समानान्तर सरकार चला रहा है। भारतीय राज व्यवस्था की केन्द्रीय समस्या एक प्रभावशाली, जनतांत्रिक, पारदर्शी, संवेदनशील एवं उत्तरदायी राज्य का अवसान है। कानून निर्माताओं…
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₹200.00 Original price was: ₹200.00.₹160.00Current price is: ₹160.00.
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₹600.00 Original price was: ₹600.00.₹480.00Current price is: ₹480.00.
महाकाव्य की कथावस्तु दो प्रकार की होती है-कल्पना प्रसूत एवं परम्परा गृहीत। परम्परा गृहीत कथावस्तु के अन्तर्गत ही पुराणों से प्राप्त वस्तु भी है। संस्कृत के श्रेष्ठ आलोच्य महाकाव्य, पौराणिक विषयों के ही हैं। वस्तुतः उनमें हमारी सांस्कृतिक चेतना के समृद्ध स्वरूप की धरोहर भी सुरक्षित है, तभी तो श्रेष्ठ महाकाव्यकार भी पौराणिक आख्यानों को…
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₹100.00 Original price was: ₹100.00.₹80.00Current price is: ₹80.00.
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₹300.00 Original price was: ₹300.00.₹240.00Current price is: ₹240.00.
मोहन राकेश अपने पात्रों के माध्यम से जिन्दगी के यथार्थ की बेतरतीब तसवीर प्रस्तुत करते हैं। उनके पात्र, चाहे मिथकीय हों या आधुनिक, अपनी अर्थवत्ता में पूर्णतः समकालीन हैं। जीवन की त्रासदियों, अस्तित्व संकट तथा मूल्य-संक्रमण की स्थितियों से गुजरते हुए ये पात्र अपनी व्यक्तिगत आकांक्षाओं के नीचे दबे बिखर-बिखर जाते हैं। तथापि उनकी संवेदनशीलता…
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₹995.00 Original price was: ₹995.00.₹796.00Current price is: ₹796.00.
भारत में सामाजिक परिवर्तन’ शीर्षक कृति सामाजिक विज्ञानों के उन शोधकर्ताओं एवं रुचिशील पाठकों के लिए लिखी गई है जो सामाजिक परिवर्तन से सम्बन्धित विभिन्न पहलुओं से अवगत होना चाहते हैं। विभिन्न सामाजिक विज्ञानों के पाठकों की रुचियों को ध्यान में रखते हुए इस कृति में तीन खण्ड हैं। प्रथम खण्ड में सामाजिक परिवर्तन की…
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₹500.00 Original price was: ₹500.00.₹400.00Current price is: ₹400.00.
शम्भुनाथ ने मिश्रबन्धु के आलोचक व्यक्त्तित्व का पुनर्मूल्यांकन बड़ी निष्ठा, तत्परता और सहानुभूतिपूर्वक किया है। उन्होंने मिश्रबन्धु की इतिहासदृष्टि पर भी नए सिरे से विचार करते हुए परवर्ती इतिहासग्रन्थों पर उसके प्रभाव को भी रेखांकित किया है और इतिहासलेखक आलोचक मिश्रबन्धु की छवि को नयी दीप्ति देने की कोशिश की है। शम्भुनाथ ने निश्चय ही…
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₹500.00 Original price was: ₹500.00.₹400.00Current price is: ₹400.00.
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₹800.00 Original price was: ₹800.00.₹640.00Current price is: ₹640.00.
प्रयोजनमूलक हिन्दी का प्रयोग क्षेत्र सामान्यतः राजकाज की हिन्दी भाषा तक ही सीमित मान लिया जाता है, पर वास्तविकता यह है कि वह प्रारूपण एवं टिप्पण लेखन की कार्यालयी भाषा मात्र नहीं है, वह अपने व्यापक अर्थ में कार्यालयेतर विषयों तक अपनी पहुँच बनाती है। विश्वविद्यालय अनुदान आयोग ने इसे समझा और व्यापक रूप से…
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₹400.00 Original price was: ₹400.00.₹320.00Current price is: ₹320.00.
राणा सांगा के नाम से प्रसिद्ध औ। अपने शौर्य और पराक्रम के कारण मिथक बन गये महाराणा संग्राम सिंह भारतीय इतिहास में एक कीर्तिपुरुष के रूप में ख्यात हैं। महाराणा संग्रामसिंह ने अपने अदम्य ‘साहस और दुर्दमनीय पराक्रम से मेवाड़ के बप्पारावल की वंश परम्परा को अक्षुण्ण रखा। उनकी जीवट और जिजीविषा का ही परिणाम…
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₹200.00 Original price was: ₹200.00.₹160.00Current price is: ₹160.00.
मानव के मन में अच्छी वृत्तियों यथा श्रद्धा- भक्ति, दृढ़ता-स्थिरता, दया-करुणा, विवेक-वैराग्य, सत्य-शील, क्षमता-साहस, लज्जा, ग्लानि तथा बुरी वृत्तियों यथा काम-क्रोध, लोभ-मोह, मद-मत्सर- अहंकार, घृणा-हिंसा, प्रमाद-आलस्य आदि के मध्य वर्चस्व का युद्ध अनादिकाल से जारी है। मनुष्य के मन के इसी संघर्ष पर आधारित है यह ‘अन्तस का महाभारत’। इस पुस्तक में अच्छी वृत्तियों की…
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₹400.00 Original price was: ₹400.00.₹320.00Current price is: ₹320.00.
Line, Shade and Shadow is a practical and comprehensive guide to the fundamentals of drawing, shading, figure drawing and visual composition. Designed for fine arts and fashion designing students, the book explains essential drawing techniques in a simple and practical manner. It covers the study of line, light and shadow, anatomy, still life, human figure,…
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₹100.00 Original price was: ₹100.00.₹90.00Current price is: ₹90.00.
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₹400.00 Original price was: ₹400.00.₹320.00Current price is: ₹320.00.
राजनीति आज के वातावरण में पूरी तरह घुल-मिल गयी है तथा जीवन का कोई क्षेत्र ऐसा नहीं जो राजनीति से अछूता हो। सामंती तथा लोकतांत्रिक व्यवस्थाओं में यही तो अन्तर है कि सामंतवाद में आमजन की कोई महत्ता नहीं है जबकि लोकतंत्र में हर व्यक्ति उसकी राजनीति का का अपरिहार्य अंग है। इसलिए लोकतंत्र ने…
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₹300.00 Original price was: ₹300.00.₹240.00Current price is: ₹240.00.
यह व्यंग्य संग्रह जीवन की छोटी-बड़ी सच्चाइयों को जीवंत रूप में सामने लाता है। भाषा के नए तेवर के साथ व्यंग्यकार असंगत मूल्यों को उद्घाटित करता है। रोचकता इन व्यंग्य रचनाओं का प्राण हैं। विसंगतियों और विद्रूपताओं की चिंदी-चिंदी कर रचनाकार जवाबदेह सवाल खड़े करता है और वास्तविकता से रू-ब-रू कराता है। इनमें व्यंग्य की…
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₹600.00 Original price was: ₹600.00.₹480.00Current price is: ₹480.00.
वैदिककालीन अर्द्ध-नारीश्वर की अवधारणा से पोषित नारी की गौरवशालिनी परम्परा में घोषा, अपाला, सूर्या और मंत्रदृष्टा ऋषिकाएँ थीं। तो मध्यकाल में भारत के राजनीतिक पटल पर अहिल्याबाई, रज़िया सुल्तान या लक्ष्मीबाई जैसी जांबाज़ वीरांगनाएँ उदित हुईं। धार्मिक परिदृश्य पर भी लल्लेश्वरी, आण्डाल या मीरां जैसे हिमालयी व्यक्तित्व सम्पन्न साधिकाओं ने इस देश में नव- जागरण…
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₹450.00 Original price was: ₹450.00.₹360.00Current price is: ₹360.00.
प्रबन्ध एक गहन और गूढ़ विषय है। इसकी सम्पूर्ण जानकारी और इसे व्यावहारिक रूप प्रदान करने की प्रबन्धकीय क्षमता तभी विकसित हो सकती है जबकि प्रबन्ध-वर्ग इसे सही परिप्रेक्ष्य में ग्रहण करें; इसकी प्रकृति, क्षेत्र और सीमाओं से पूरी तरह से परिचित हों; आधुनिकतम प्रबन्धकीय विचारधाराओं का ज्ञाता हो, सभी प्रबन्धकीय कार्यों को सुनियोजित ढंग…
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₹250.00 Original price was: ₹250.00.₹200.00Current price is: ₹200.00.
श्री भट्ट जी ने संविधान के हर पहलू पर अत्यन्त गूढ़ अध्ययन करने के पश्चात् एक विहंगम दृष्टि डाली है तथा पाठकों को संविधान की रचना से अन्तिम संशोधन तक समझाने के लिए प्राचीन ऋषि-मुनियों एवं मनीषियों द्वारा लिखित स्मृतियों का विवेचन करते हुए तथा कौटिल्य के अर्थशास्त्र का हवाला देते हुए पूरे भारतीय इतिहास…
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₹500.00 Original price was: ₹500.00.₹400.00Current price is: ₹400.00.
मेरे प्रिय लेखक हिन्दी व्यंग्य में दो तरह के लोग व्यंग्य लिख रहे हैं-एक वे, जिन्हें व्यंग्य की व्याकरण तथा सौन्दर्यशास्त्र की समझ है और दूसरे वे, जिन्हें इस चीज की कोई समझ नहीं। इसी दूसरे वर्ग में आप एक उपवर्ग उन लोगों का भी कर सकते हैं, जिन्हें खुद तो समझ है नहीं पर…
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₹800.00 Original price was: ₹800.00.₹640.00Current price is: ₹640.00.
आज प्रेस कानून ‘मीडिया कानून’ का रूप ले चुका है। मीडिया कानून का क्षेत्र अत्यन्त व्यापक एवं प्रभावी है। उल्लेखनीय है कि भारत में मीडिया कानून (प्रिंट मीडिया एवं इलेक्ट्रानिक मीडिया) संख्या में कम होते हुए भी अपने प्रभाव-क्षेत्र में व्यापक हैं, इसलिए इनकी जानकारी न केवल मीडियाकर्मी के लिए बल्कि आम जनता के लिए…