Spirituality & Philosophy

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  • Sale! Sudamacharit

    Sudamacharit

    Original price was: ₹30.00.Current price is: ₹24.00.
  • Sale! Jeeyo Aise Jindagi Ko

    Jeeyo Aise Jindagi Ko

    Original price was: ₹350.00.Current price is: ₹280.00.

    इस कृति में धर्म, अध्यात्म, भारत की सांस्कृतिक विरासत, नैतिक मूल्यों, संस्कारों, मानवीय व्यवहार के विविध पहलुओं, लोक कल्याण, राष्ट्र के प्रति समर्पण भाव आदि विविध विषयों पर इकतालीस संक्षिप्त लेख छोटे-छोटे कथानकों, रोचक प्रसंगों के साथ लिखे गए हैं जिन्हें पढ़कर पाठकों का मन उद्वैलित हुए बिना नहीं रहता।

    नैतिक शिक्षा और चरित्र-निर्माण की दिशा में यह कृति नींव का पत्थर है।

  • Sale! Gandhi Aur Manavadhikar

    Gandhi Aur Manavadhikar

    Original price was: ₹350.00.Current price is: ₹280.00.

    गाँधीजी को मानवाधिकारों का प्रवर्तक कहें तो अतिशयोक्ति नहीं होगी। उन्होंने अपना सम्पूर्ण जीवन मानवता और मानव के अधिकारों के लिए समर्पित कर दिया था। गाँधीजी अपने प्रारम्भिक जीवन से रंगभेद, उपनिवेशवाद और गैर बराबरी मिटाने के लिए सतत् रूप से कार्य करते रहे। मानव अधिकार अक्षुण्ण हैं, उनका हनन गाँधीजी अनुचित मानते रहे। उनका…

  • Sale! Kathopanishad

    Kathopanishad

    Original price was: ₹500.00.Current price is: ₹400.00.
  • Sale! Sanskrit Ke Pauranik Mahakavya

    Sanskrit Ke Pauranik Mahakavya

    Original price was: ₹600.00.Current price is: ₹480.00.

    महाकाव्य की कथावस्तु दो प्रकार की होती है-कल्पना प्रसूत एवं परम्परा गृहीत। परम्परा गृहीत कथावस्तु के अन्तर्गत ही पुराणों से प्राप्त वस्तु भी है। संस्कृत के श्रेष्ठ आलोच्य महाकाव्य, पौराणिक विषयों के ही हैं। वस्तुतः उनमें हमारी सांस्कृतिक चेतना के समृद्ध स्वरूप की धरोहर भी सुरक्षित है, तभी तो श्रेष्ठ महाकाव्यकार भी पौराणिक आख्यानों को…

  • Sale! Sankhykarika

    Sankhykarika

    Original price was: ₹300.00.Current price is: ₹240.00.

    प्राचीन भारत में जिन दार्शनिक सिद्धान्तों का प्रणयन हुआ, उनमें सांख्य प्रमुख दर्शन के रूप में प्रतिष्ठित है। द्वैत मत का प्रतिपादक सांख्य दर्शन प्रकृति और पुरुष दोनों को मूल तत्त्व मानता है। सत्कार्यवाद के समर्थक सांख्य दर्शन के अनुसार कार्य अपने कारण में अव्यक्त रूप से विद्यमान रहता है। सांख्य दर्शन के प्रवर्तक महर्षि…

  • Sale! Shrimad Bhagvat Anushilan

    Shrimad Bhagvat Anushilan

    Original price was: ₹600.00.Current price is: ₹480.00.

    भारतीय मानस की निर्मिति में सबसे बड़ा योगदान राम की कथा और महाभारत की कथा का है। श्रीमद्भागवत् संस्कृत का एक ऐसा ग्रंथ है जिसमें कहने को तो कृष्ण की कथा है किन्तु वास्तव में यह ग्रंथ भारतीय मनीषा का सर्वोत्तम प्रतिफल है। जो कुछ संसार में है वह सब भागवत में और जो भागवत…

  • Sale! Vakratund

    Vakratund

    Original price was: ₹200.00.Current price is: ₹160.00.

    कविवर उद्घान्त का नया खंडकाव्य उनकी बहुचर्चित छन्द कविता ‘रुद्रावतार’ के बाद ‘वक्रतुण्ड’ शीर्षक से आया है। यह काव्य भी उतना ही नवीन, प्रेरक और समकालीन जीवन के विरोधाभासों से जूझने का एक नया प्रयोग है। ‘वक्रतुण्ड’ श्रीगणेश का एक नाम है। इस काव्य में वक्रतुण्ड के शौर्य्य का वर्णन तो संक्षेप में ‘असुरान्त’ सर्ग…

  • Sale! Mundak Upanishad

    Mundak Upanishad

    Original price was: ₹700.00.Current price is: ₹630.00.

    Mundak Upanishad ऋषि शौनक ने ब्रह्मर्षि अंगिरस से परा-विद्या और अपरा-विद्या का ज्ञान प्राप्त करने के लिए प्रार्थना की। अर्जुन देव आर्य ‘विषम’ द्वारा प्रस्तुत यह मुण्डक उपनिषद् ब्रह्म-विद्या के ज्ञान का एक महत्वपूर्ण अंश है। इसमें अथर्ववेद के माध्यम से ईश्वर-जीव और प्रकृति के ज्ञान द्वारा सृष्टि निर्माण, जीवात्मा का मोक्ष, और जन्म-मरण के बंधनों से मुक्ति प्राप्त करने का विस्तृत ज्ञान दिया गया है, जो पाठक को मोक्ष मार्ग पर अग्रसर होने में सहायक है।

  • Sale! Prashnopanishd

    Prashnopanishd

    Original price was: ₹700.00.Current price is: ₹630.00.

    Prashnopanishd छः ऋषियों द्वारा पूछे गए सृष्टि निर्माता, जगत् का उपादान कारण, सर्वश्रेष्ठ देवता, शरीर के संचालन, स्वप्न, सुख-दुःख, और ओंकार के ध्यान से संबंधित प्रश्नों का उत्तर गुरु ऋषि पिप्पलाद ने वेदों के ज्ञान द्वारा अत्यंत उत्तम प्रकार से सिखाया है। अर्जुन देव आर्य ‘विषम’ द्वारा लिखित यह प्रश्नोपनिषद्, पाठक को जीवन में इन ज्ञान को उतारकर परमेश्वर की निकटता प्राप्त करने का मार्ग बताती है।

  • Sale! Kenopanishad

    Kenopanishad

    Original price was: ₹300.00.Current price is: ₹270.00.

    Kenopanishad यह उपनिषद् वेदमूलक है और तलवकारोपनिषद् के भाष्य का रूप है। अर्जुन देव आर्य ‘विषम’ द्वारा लिखित ‘केनोपनिषद’ हमें उस परमपिता परमेश्वर ‘ओउम्’ के स्वरूप का निरूपण करती है जो मन-इंद्रियों और प्राणों का संचालक है, तथा समस्त ब्रह्मांड को स्वनिर्मित नियमों से चलाता है। इस उपनिषद् का अध्ययन-स्वाध्याय पाठक के मन-मस्तिष्क से मिथ्या भ्रम दूर कर जीवन को सफलता की ओर अग्रसर करता है।

  • Sale! Mandukya Upanishad

    Mandukya Upanishad

    Original price was: ₹200.00.Current price is: ₹180.00.

    Mandukya Upanishad ब्रह्मविद्या की यह पुस्तक सर्वाधिक उत्तम और अद्वैतवादियों को अत्यंत प्रिय है। अर्जुन देव आर्य ‘विषम’ द्वारा लिखित ‘माण्डूक्य उपनिषद’ ब्रह्म की चार अवस्थाओं—वैश्वानर, तेजस, प्राज्ञ, और तुरीय—का वर्णन करती है। यह पाठक को जीवन आनंद की ओर ले जाकर मोक्ष की ओर अग्रसर होने का मार्ग बताती है, जहाँ जीवात्मा सर्वत्र ब्रह्म की उपस्थिति महसूस कर उसी में लीन होकर आनंद प्राप्त करती है।

  • Sale! Ishopanishad

    Ishopanishad

    Original price was: ₹200.00.Current price is: ₹180.00.

    Ishopanishad सच्चिदानंद ब्रह्म ने मनुष्य योनि को सत्य और चित्त (चेतन्य) का ज्ञान प्रदान किया है। अर्जुन देव आर्य ‘विषम’ द्वारा लिखित यह ईशोपनिषद् यजुर्वेद का अंतिम अध्याय है, जो मन-इंद्रियों और प्राणों का संचालक परमेश्वर ‘ओउम्’ के स्वरूप का निरूपण करती है। इसका अध्ययन-चिंतन-मनन पाठक के मन-मस्तिष्क से मिथ्या भ्रम दूर कर जीवन को सफलता की ओर अग्रसर करता है।

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