₹250.00Original price was: ₹250.00.₹225.00Current price is: ₹225.00.
भारतीय धर्म ग्रन्थों में महाभारत को न केवल महत्त्वपूर्ण माना जाता है बल्कि पवित्र भी माना जाता है। इससे हमें धर्म एवं कर्म का संदेश मिलता है तथा श्रेष्ठ जीवन जीने की प्रेरणा प्राप्त होती है। प्रस्तुत पुस्तक में भारतीय संस्कृति से सम्बद्ध कहानियों को सरल एवं रोचक शैली में पाठकों तक पहुँचाने का प्रयास…
₹200.00Original price was: ₹200.00.₹180.00Current price is: ₹180.00.
रवीन्द्रनाथ टैगोर विश्व के उन विरल रचनाकारों में हैं जिनमें व्यक्तित्व और साहित्य का अद्भुत सामंजस्य मिलता है। टैगोर के व्यक्तित्व को देखकर ही लगता था कि साहित्य की व्यापकता सिमटकर उनमें मूर्त हो गयी है। उन्हें ‘गीतांजलि’ नामक कृति पर नोबेल पुरस्कार मिला, जिससे उनकी ख्याति सारे विश्व में फैल गयी। यदि यह पुरस्कार…
₹300.00Original price was: ₹300.00.₹270.00Current price is: ₹270.00.
महामना पण्डित मदनमोहन मालवीय भारत की ऐसी विरल विभूति थे, जो भारतीय मानस के साकार रूपक थे। स्वच्छ धवल वस्त्रों से सज्जित, सिर पर साफा, ललाट पर चन्दन की सुन्दर बिन्दी, इकहरा बन्दन सात्विकता से उद्भासित मुखमण्डल-यह उनका पार्श्व रूप था तथापि मूलतः वे एक आदर्श, संवेदनशील और उदार हृदय हिन्दू थे। पत्रकारिता को कला…
₹400.00Original price was: ₹400.00.₹360.00Current price is: ₹360.00.
स्वामी विवेकानन्द ने भारतीय समाज में व्याप्त सामाजिक बुराइयों और अंधविश्वासों पर चोट करते हुए आधुनिक शिक्षा की पुरजोर वकालत की। वेदान्त दर्शन की नूतन व्याख्या करते हुए उन्होंने उसकी विशेषताओं और उद्देश्यों को स्पष्ट किया। अमेरिका में ‘सर्व-धर्म-सम्मेलन’ के बाद उन्होंने विदेशों में वेदान्त शिक्षा का प्रचार- प्रसार किया। स्वामी विवेकानन्द ने सांस्कृतिक जागरण…
₹300.00Original price was: ₹300.00.₹270.00Current price is: ₹270.00.
भारतीय किसान प्राचीनकाल से ही आत्मनिर्भर आर्थिक इकाई के रूप में अपना जीवन-यापन करता रहा है। इसीलिए वर्ष 1860 से पूर्व इतिहास में कोई महत्त्वपूर्ण एवं समग्र किसान आन्दोलन दृष्टिगोचर नहीं होता है। किन्तु ब्रिटिश साम्राज्यवाद ने भारतीय किसान के परम्परागत ढाँचे को अत्यधिक आर्थिक लाभ प्राप्त करने का कुप्रयास कर तोड़ दिया, परिणामतः भारतीय…
₹250.00Original price was: ₹250.00.₹225.00Current price is: ₹225.00.
भारतीय धर्म ग्रन्थों में रामायण को न केवल महत्त्वपूर्ण माना जाता है बल्कि पवित्र एवं पूज्य भी माना जाता है। इससे हमें धर्म एवं कर्म का संदेश मिलता है तथा श्रेष्ठ जीवन जीने की प्रेरणा प्राप्त होती है। सामाजिक आदर्शों एवं मानव मूल्यों की स्थापना में जिन ग्रन्थों का मार्गदर्शन मिलता रहा है, रामायण उनमें…
₹995.00Original price was: ₹995.00.₹896.00Current price is: ₹896.00.
प्रस्तुत ग्रंथ की पृष्ठभूमि शोधपरक है। इसमें ‘रामचरितमानस’ की सभी चौपाइयों, दोहों, सोरठों, छंदों व श्लोकों ‘अकारादिक्रम’ में एक व्यवस्था बनाकर ससंदर्भ प्रस्तुत किया गया है। किसी भी व्यक्ति द्वारा चाहे वह शोधार्थी हो या सामान्य जिज्ञासु अथवा अंत्याक्षरी-प्रेमी, चाहने पर किसी भी समय इस ग्रंथ की सहायता से किसी भी वर्ण की चौपाई, दोहा,…
₹500.00Original price was: ₹500.00.₹450.00Current price is: ₹450.00.
प्रस्तुत कृति इस दृष्टि से बहुत महत्त्व रखती है कि डॉ. पी. डी. गुर्जर ने श्रमपूर्वक उन सभी स्रोतों का अवगाहन किया जो इस राजवंश की सत्ता की उपलब्धियों की विश्वसनीय जानकारी देते हैं। लेखक ने विषय से सम्बन्धित सभी उपलब्धियों का अध्ययन किया, उनकी सीमाओं का परीक्षण किया, अन्य उपलब्ध साक्ष्यों का विश्लेषण किया…
₹200.00Original price was: ₹200.00.₹180.00Current price is: ₹180.00.
“चापलूसी का अनुशासन” एक ऐसा व्यंग्य संग्रह है जो व्यक्ति के भीतर छिपी चिपकी स्वार्थ और चापलूसी की प्रवृत्ति के छिलकों को उतारकर उजागर करने की कोशिश करता है। व्यक्ति अधिकारों के प्रति सजगता दिखा रहा है, किन्तु कर्त्तव्यों के प्रति उदासीन, ऐसा क्यों? ये व्यंग्य व्यक्ति के उन मनोवैज्ञानिक पक्षों का भी खुलासा करते…
₹200.00Original price was: ₹200.00.₹180.00Current price is: ₹180.00.
चरणम् शरणम् गच्छामि’ अजय अनुरागी के विविधता एवं नवीनता से युक्त प्रभावी व्यंग्यों का ऐसा संग्रह है जिसमें उपेक्षित एवं आम आदमी की पीड़ा को जुबान मिली है। इन व्यंग्यों में विज्ञापन जगत की अस्थायी चकाचौंध से लेकर राजनीति के झूठे झांसों व वादों के अभ्यस्तों, समाज की वैषम्यपूर्ण सोच से लेकर वैयक्तिक नैतिक पतन…
₹200.00Original price was: ₹200.00.₹180.00Current price is: ₹180.00.
व्यंग्य विधा समाज से सीधा सम्बध रखने वाली विधा है। बदलते सामाजिक संदभों में व्यंग्य समाज की जरूरत बन गया है। अजय अनुरागी के व्यंग्य समाज की इसी जरूरत को पूरा करते हैं। “साहित्य में पूँजी निवेश” में व्यंग्यकार अपने समय की सही और सच्ची तस्वीर प्रस्तुत करता है, भले ही वह कुरूप और भट्टी…
₹300.00Original price was: ₹300.00.₹270.00Current price is: ₹270.00.
“जयपुर तमाशा” के बाद “बीच में सड़क” अजय अनुरागी का दूसरा व्यंग्य उपन्यास है। एक छोटे मुहल्ले और छोटे लोगों के बसने और बिछुड़ने की त्रासदी की कथा है यह। पलायन और विस्थापन की पीड़ा के बीज इसमें बिखरे हुए हैं। एक बस्ती के बसने पर सुख-दुख, समस्याएँ- सुविधाएँ, संघर्ष-प्रेम, आत्मीयता-कटुता, समता- विषमता से सजा…
₹300.00Original price was: ₹300.00.₹270.00Current price is: ₹270.00.
आचार्य चाणक्य के नीतिशास्त्र, लोकनीति और धर्मनीति का समन्वय करती यह रचना ‘चाणक्यनीतिदर्पण’ लोक व्यवहार पर आधारित राजनीति के तत्वों का समावेश करती है। यह ‘राजनीतिशास्त्र’ और ‘अर्थशास्त्र’ को समझने के लिए एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है।
₹250.00Original price was: ₹250.00.₹225.00Current price is: ₹225.00.
प्राचीन भारत की धर्मशास्त्र-सम्मत न्यायिक प्रणाली का सूक्ष्म विश्लेषण। यह पुस्तक राजा, न्यायाधीशों और न्यायिक कार्य में सहयोगियों की भूमिका को गहराई से उजागर करती है, जो शोधार्थियों और इतिहास में रुचि रखने वालों के लिए नए आयाम खोलती है।
₹200.00Original price was: ₹200.00.₹180.00Current price is: ₹180.00.
हिंदी व्याकरण के नियमों और सिद्धांतों का सरल एवं सुबोध प्रस्तुतीकरण। यह पुस्तक भाषा, वर्ण, शब्द, पद, वाक्य विचार और विराम चिह्नों का विश्लेषण करती है, जो स्नातक स्तर और प्रतियोगी परीक्षाओं के विद्यार्थियों के लिए अत्यंत उपयोगी है।
₹350.00Original price was: ₹350.00.₹315.00Current price is: ₹315.00.
भारतीय शिक्षा पद्धति की समस्याओं और उसके भारतीय जीवन से जुड़ाव की आवश्यकता पर केंद्रित निबंधों का संग्रह। यह पुस्तक शिक्षाविदों, शिक्षकों और अभिभावकों को शिक्षा के प्रति एक सकारात्मक दृष्टिकोण अपनाने और संस्कारवान नागरिक बनाने की प्रेरणा देती है।
₹400.00Original price was: ₹400.00.₹360.00Current price is: ₹360.00.
हिंदी व्यंग्य की लंबी यात्रा, उसके विभिन्न रूप-आकारों और बदलते प्रतिमानों का गहन विश्लेषण। यह पुस्तक हास्य-व्यंग्य की भिन्नता, व्यंग्यकार की प्रतिबद्धता और व्यंग्य की शाश्वतता जैसे प्रश्नों की छानबीन करती है, जो व्यंग्यकारों और समीक्षकों के लिए उपयोगी है।
₹100.00Original price was: ₹100.00.₹90.00Current price is: ₹90.00.
इक्कीसवीं सदी की हिंसा, आतंकवाद और अमानवीय अत्याचारों के विरुद्ध आवाज उठाते गीतों का ओजस्वी संग्रह। यह पुस्तक रोशनी की तलाश और अंधकार को चीरकर मंजिल तक पहुँचने के आह्वान को व्यक्त करती है।