Dr. Bheemrao Ambedkar : Jeevan Aur Darshan
डॉ. भीमराव अंबेडकर: जीवन और दर्शन
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Dr. Bheemrao Ambedkar : Jeevan Aur Darshan भारत-रत्न डॉ. भीमराव अम्बेडकर भगवान बुद्ध, महात्मा कबीर, और महात्मा ज्योतिबा फूले की परंपरा में एक महान मानवतावादी और उच्च-कोटि के देशभक्त थे। हरदान हर्ष की यह पुस्तक उनके जीवन, दर्शन, और दलितों, वंचितों, मजदूरों, किसानों, और स्त्रियों के मानवीय अधिकारों के लिए किए गए संघर्षों का विश्लेषण करती है, जो समता, स्वतंत्रता और भाईचारे के दर्शन में विश्वास करने वाले बाबा साहेब की प्रासंगिकता को उजागर करती है।
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भारत-रत्न डॉ. भीमराव अम्बेडकर भगवान बुद्ध, महात्मा कबीर, महात्मा ज्योतिबा फूले की परम्परा में एक महान् मानवतावादी और उच्च- कोटि के देशभक्त थे। प्रखर बुद्धि के धनी, स्वाभिमानी, अन्याय के विरुद्ध डटकर संघर्ष करने वाले डॉ. अम्बेडकर जीवन पर्यन्त दलितों, वंचितों, मजदूरों, किसानों, स्त्रियों के मानवीय अधिकारों के लिए संघर्ष करते रहे। संविधान रचना समिति के अध्यक्ष के रूप में उन्होंने अपने कर्तव्य को बखूबी दक्षतापूर्वक निभाया। उनका जीवन और दर्शन सर्वहारा वर्ग की समस्याओं के दायरे में गम्भीरतापूर्वक गुत्थियों को सुलझाता प्रतीत होता है। उनका दर्शन एकात्म-मानव-दर्शन का पर्याय है। उनके जीवन में अमृत और विष दोनों तरह की प्रवृत्तियाँ रहीं। उनके जीवन दृष्टांत और उनका दर्शन आज के संदर्भ में हमारी अनेकानेक सामाजिक, धार्मिक और आर्थिक समस्याओं के समाधान में सहायक हैं। समता, स्वतंत्रता और भाईचारे के दर्शन में विश्वास करने वाले बाबा संहाब के जीवन और दर्शन की प्रासंगिकता और सार्थकता को आज नहीं नकारा जा सकता। डॉ. अम्बेडकर जैसे मानसिक उत्कर्ष वाले व्यक्ति के जीवन और दर्शन के विशद् अध्ययन में यह कृति निश्चय ही सहायक होगी।
| Weight | 404 g |
|---|---|
| Dimensions | 22.5 × 14.5 × 2 cm |
| Genre |















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