Brahmand
ब्रह्मांड
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Brahmand ‘विज्ञान सबके लिये : ब्रह्मांड’ मानव मस्तिष्क में भू-विज्ञान और ब्रह्मांड से संबंधित ‘क्या, क्यों और कैसे’ जैसी वैज्ञानिक जिज्ञासाओं को प्रामाणिक एवं सरल माध्यम से समझाने का प्रयास करती है। गायत्री शर्मा की यह पुस्तक वर्षा, आंधी, नदियाँ, उल्काएँ, आकाश गंगा, चंद्रग्रहण, और पृथ्वी के अंदर क्या है, जैसे प्रश्नों का चित्रों सहित उत्तर देती है।
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प्रस्तुत पुस्तक “विज्ञान सबके लिये : ब्रह्मांड” में मानव मस्तिष्क में भू-विज्ञान एवं ब्रह्मांड से सम्बन्धित क्या, क्यों और कैसे जैसी उठने वाली वैज्ञानिक जिज्ञासाओं को प्रामाणिक एवं सरल माध्यम से समझाने का प्रयास किया गया है।
पुस्तक में वर्षा वाले बादल काले क्यों होते हैं, गर्मियों में आँधी क्यों आती है, नदियाँ कैसे बनती हैं, दलदल क्या होता है, क्या कभी सूर्य का अन्त होगा, उल्काएँ क्या हैं, सप्ताह के दिनों का नाम कैसे पड़ा, आकाश गंगा क्या है, पुच्छल तारे क्या होते हैं, चन्द्रग्रहण कैसे होता है, पृथ्वी कितनी पुरानी है, पृथ्वी के अन्दर क्या है, शनि ग्रह में छल्ले क्यों होते हैं, ऋतुएँ क्यों बदलती हैं, वायुमण्डल क्या है, हवा क्यों उपयोगी है, पृथ्वी क्या है, सौर मण्डल क्या है, मैदान क्या है, ज्वालामुखी क्या है तथा जलमण्डल क्या होता है, बादल बिन बरसे क्यों लौट जाते हैं, वर्षा क्यों होती है, कोहरा कैसे बनता है, रेगिस्तान कैसे बनता है, ज्वारभाटा कैसे आता है, राशिचक्र क्या होता है, भूकम्प क्या है, जल प्रदूषण क्यों होता है, पठार क्या है जैसी जिज्ञासाओं को सम्मिलित किया गया है।
इस पुस्तक में ब्रह्मांड से सम्बन्धित विभिन्न प्रकार की वैज्ञानिक जिज्ञासाओं को चित्रों सहित प्रामाणिक तरीकों से समझाया गया है। यह पुस्तक विज्ञान से सम्बन्धित पाठकों के साथ सामान्य पाठकों के लिये भी उपयोगी सिद्ध होगी।
| Weight | 295 g |
|---|---|
| Dimensions | 22.5 × 14.5 × 1.5 cm |
| Textbook Genre |












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