Panchsheel Prakashan

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  • Sale! Saiddhantik Samajshastra

    Saiddhantik Samajshastra

    Original price was: ₹800.00.Current price is: ₹720.00.

    Saiddhantik Samajshastra समाजशास्त्र विषय शिक्षा जगत में एक महत्वपूर्ण सामाजिक विज्ञान के रूप में स्थापित हो गया है। वीरेंद्र प्रकाश शर्मा की यह पुस्तक ‘सैद्धान्तिक समाजशास्त्र’ समाजशास्त्रीय परिप्रेक्ष्य के अनुसार मानव समाज के विभिन्न पक्षों एवं आयामों का व्यवस्थित ज्ञान प्रदान करती है। यह समाजशास्त्र की महत्वपूर्ण अवधारणाओं, संस्थाओं, कार्यविधियों, तथ्यों, और सिद्धांतों का मौलिक ज्ञान प्रदान करती है, जो छात्रों, शोधकर्ताओं, और प्रतियोगियों के लिए उपयोगी है।

  • Sale! Bhartiya Samaj me Naree

    Bhartiya Samaj me Naree

    Original price was: ₹500.00.Current price is: ₹450.00.

    Bhartiya Samaj me Naree वर्तमान सदी में उभरे नारी विमर्श में ‘भारतीय समाज में नारी’ एक महत्वपूर्ण पुस्तक है। वीरेंद्र प्रकाश शर्मा द्वारा लिखित यह कृति नारी की अस्मिता की रक्षा के लिए किए जा रहे औपचारिक प्रयासों, नारी समस्याओं और उनके निराकरण के उपायों का विश्लेषण करती है। यह लिंग और जेंडर अवधारणाओं, समानता, न्याय, और संवैधानिक प्रावधानों की विशद् व्याख्या करती है, जो पाठ्यक्रमों के लिए विश्वसनीय सामग्री है।

  • Sale! Krashi Arthashastra

    Krashi Arthashastra

    Original price was: ₹800.00.Current price is: ₹720.00.

    Krashi Arthashastra विकासोन्मुख राष्ट्रों के आर्थिक विकास के लिए कृषि का विकास परम आवश्यक है। डॉ. रीता माथुर की यह पुस्तक ‘कृषि अर्थशास्त्र’ कृषि की विभिन्न समस्याओं और उनके समाधान से संबंधित प्रामाणिक तथ्यों और सरकार की नीतियों का तर्कपूर्ण विवेचन प्रस्तुत करती है। यह स्नातक एवं स्नातकोत्तर कक्षाओं के विद्यार्थियों, शोधार्थियों, और नीति-निर्धारकों के लिए विशेष उपयोगी है।

  • Sale! Vyangya Vidhya ke Vikas me Dr. Ajay Anuragi ka yogdan

    Vyangya Vidhya ke Vikas me Dr. Ajay Anuragi ka yogdan

    Original price was: ₹550.00.Current price is: ₹495.00.

    Vyangya Vidhya ke Vikas me Dr. Ajay Anuragi ka yogdan ‘व्यंग्य विधा के विकास में डॉ. अजय अनुरागी का योगदान’ विषय पर केंद्रित यह पुस्तक, डॉ. मंजू द्वारा लिखित, समकालीन व्यंग्य साहित्य में डॉ. अजय अनुरागी के महत्वपूर्ण हस्ताक्षर को दर्शाती है। यह कृति उनके व्यापक व्यंग्य दृष्टि, लेखन के साथ-साथ विश्लेषण एवं मूल्यांकन की क्षमता, और व्यंग्य आलोचना में उनके योगदान को उभारकर व्यंग्य विधा के विकास में उनकी भूमिका को रेखांकित करती है।

  • Sale! Tribal Society in a Flux

    Tribal Society in a Flux

    Original price was: ₹650.00.Current price is: ₹585.00.

    Tribal Society in a Flux “Tribal Society in a Flux” by Pragya Sharma offers a comprehensive ethnographic study of the Raika community, a migratory tribal group in northwestern India. This book fills a significant gap by covering all aspects of Raika life—social, cultural, religious, health, economy, and development—with an integral approach to humanize knowledge for their betterment.

  • Sale! Kavitabhar ek Umra

    Kavitabhar ek Umra

    Original price was: ₹250.00.Current price is: ₹225.00.

    Kavitabhar ek Umra कविता आदमी का आदिम राग है, अभिव्यक्ति की सबसे महत्वपूर्ण और सूक्ष्म विधा है। हेतु भारद्वाज की यह पुस्तक कविता के अनुशासन, रचनाकार के श्रम, और उसके स्थापत्य पर गहन विचार प्रस्तुत करती है। यह कृति बताती है कि कविता किसी जीवन-स्थिति में पाठक को रागात्मक रूप से भागीदार बनाकर उसे किसी जीवन-मूल्य से जोड़ती है, और संवेदना उसका मूल तथा जीवन-मूल्य उसका नतीजा होना चाहिए।

  • Sale! Samwad Prati Samwad

    Samwad Prati Samwad

    Original price was: ₹400.00.Current price is: ₹360.00.

    Samwad Prati Samwad हेतु भारद्वाज की यह पुस्तक ‘संवाद प्रति संवाद’ स्त्री की अस्मिता, पितृसत्तात्मक संस्कारों से मुक्ति, और व्यक्तिगत स्वतंत्रता के सवालों पर एक गहरा चिंतन प्रस्तुत करती है। यह कृति एक स्त्री के अनुभवों और विवेक पर विश्वास न करने के समाज के रवैये को उजागर करती है, और दर्शाती है कि कैसे मानसिक बंधनों से मुक्ति ही सच्ची स्वतंत्रता की ओर पहला कदम है।

  • Sale! Hamara Samay Sarokar aur Chintayein

    Hamara Samay Sarokar aur Chintayein

    Original price was: ₹450.00.Current price is: ₹405.00.

    Hamara Samay Sarokar aur Chintayein हेतु भारद्वाज ऐसे रचनाकार हैं जो अपने समय के सवालों से जूझते हैं। ‘हमारा समय सरोकार और चिंताएँ’ नामक यह पुस्तक स्त्री की अस्मिता, पुरुष की पितृसत्तात्मक संस्कारों से मुक्ति, और राजनीति में अमर्यादित भाषा के प्रयोग जैसे ज्वलंत मुद्दों पर बेबाकी से विचार करती है। यह कृति पाठक को बहस के लिए आमंत्रित करती है, उन्हें झकझोरती है और सोचने पर विवश करती है, जिसमें सही कहने की क्षमता का भी आभास होता है।

  • Sale! Gopal Krishna Gokhale: Vyaktitva Evam Krutitva

    Gopal Krishna Gokhale: Vyaktitva Evam Krutitva

    Original price was: ₹600.00.Current price is: ₹540.00.

    Gopal Krishna Gokhale: Vyaktitva Evam Krutitva भारतीय इतिहास में नवजागरण और स्वाधीनता आंदोलन में गोपालकृष्ण गोखले का नाम अग्रणी है। मनीषा गुप्ते की यह कृति उनके बहुआयामी व्यक्तित्व—एक शिक्षक, भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के सदस्य, चिंतक और कर्मठ कार्यकर्ता—का वस्तुपरक आकलन करती है। यह पुस्तक उनके प्रशासनिक विकेन्द्रीकरण, वित्तीय नीति, जनस्वास्थ्य, और नौकरशाही में सुधार जैसे व्यापक कर्मक्षेत्र पर प्रकाश डालती है, जो हिंदी भाषा में गोखले पर पहला महत्वपूर्ण ग्रंथ है।

  • Sale! Samajshastriya Chintan Ke Aadhar

    Samajshastriya Chintan Ke Aadhar

    Original price was: ₹500.00.Current price is: ₹450.00.

    Samajshastriya Chintan Ke Aadhar समाजशास्त्र एक महत्वपूर्ण सामाजिक विज्ञान है, जिसके उद्भव और विकास में पश्चिम एवं भारत के समाजशास्त्रियों के चिंतन का विशेष योगदान रहा है। वीरेंद्र प्रकाश शर्मा की यह पुस्तक समाजशास्त्र के उद्भव, विकास, और प्रमुख अग्रणियों—ऑगस्त कॉम्ट, हर्बर्ट स्पेन्सर, कार्ल मार्क्स, इमाइल दुर्खीम, और मेक्स वेबर—के योगदानों पर प्रकाश डालती है। यह कृति हिन्दी भाषी पाठकों को समाजशास्त्रीय चिंतन के मूलाधार का परिचय देने में सफल सिद्ध होगी।

  • Sale! Bharat Ka Itihas Avm Sanskriti (Praramb se 1526 E.)

    Bharat Ka Itihas Avm Sanskriti (Praramb se 1526 E.)

    By: Dr. Kaluram Sharma (+1 more)
    Original price was: ₹500.00.Current price is: ₹450.00.

    Bharat Ka Itihas Avm Sanskriti (Praramb se 1526 E.) विश्व-इतिहास में भारतीय इतिहास एवं संस्कृति एक दैदीप्यमान नक्षत्र है, जिसे अमर और अनंत कहा जा सकता है। डॉ. कालूराम शर्मा और डॉ. प्रकाश व्यास की यह पुस्तक भारत के प्रारम्भ से 1526 ई. तक के इतिहास और संस्कृति का क्रमबद्ध विवेचन करती है। यह मुगल आक्रमणों, मध्यकालीन भक्ति आंदोलन, और हिंदू-मुस्लिम संस्कृतियों में समन्वय के प्रयासों को संक्षेप में बताती है, जो जिज्ञासु भारतीयों को अपने गौरवपूर्ण अतीत को समझने में मदद करेगी।

  • Sale! Bharat Ka Itihas Avm Sanskriti (1527-1947)

    Bharat Ka Itihas Avm Sanskriti (1527-1947)

    By: Dr. Kaluram Sharma (+1 more)
    Original price was: ₹500.00.Current price is: ₹450.00.

    Bharat Ka Itihas Avm Sanskriti (1527-1947) भारत का मध्यकाल एवं आधुनिक काल हमारी गौरवमयी धरोहर है। डॉ. कालूराम शर्मा और डॉ. प्रकाश व्यास द्वारा लिखित यह पुस्तक मुगल साम्राज्य की स्थापना, पतन, और शिवाजी के नेतृत्व में मराठों के अभ्युत्थान जैसी घटनाओं का विवेचन करती है। यह ब्रिटिश सत्ता के अभ्युदय, भारतीयों के प्रतिरोध, और स्वाधीनता संग्राम में उत्पन्न देश की एकता पर प्रकाश डालती है, जो युवा पीढ़ी में देश प्रेम और राष्ट्रीयता की भावना को प्रस्फुटित करती है।

  • Sale! Mundak Upanishad

    Mundak Upanishad

    Original price was: ₹700.00.Current price is: ₹630.00.

    Mundak Upanishad ऋषि शौनक ने ब्रह्मर्षि अंगिरस से परा-विद्या और अपरा-विद्या का ज्ञान प्राप्त करने के लिए प्रार्थना की। अर्जुन देव आर्य ‘विषम’ द्वारा प्रस्तुत यह मुण्डक उपनिषद् ब्रह्म-विद्या के ज्ञान का एक महत्वपूर्ण अंश है। इसमें अथर्ववेद के माध्यम से ईश्वर-जीव और प्रकृति के ज्ञान द्वारा सृष्टि निर्माण, जीवात्मा का मोक्ष, और जन्म-मरण के बंधनों से मुक्ति प्राप्त करने का विस्तृत ज्ञान दिया गया है, जो पाठक को मोक्ष मार्ग पर अग्रसर होने में सहायक है।

  • Sale! Prashnopanishd

    Prashnopanishd

    Original price was: ₹700.00.Current price is: ₹630.00.

    Prashnopanishd छः ऋषियों द्वारा पूछे गए सृष्टि निर्माता, जगत् का उपादान कारण, सर्वश्रेष्ठ देवता, शरीर के संचालन, स्वप्न, सुख-दुःख, और ओंकार के ध्यान से संबंधित प्रश्नों का उत्तर गुरु ऋषि पिप्पलाद ने वेदों के ज्ञान द्वारा अत्यंत उत्तम प्रकार से सिखाया है। अर्जुन देव आर्य ‘विषम’ द्वारा लिखित यह प्रश्नोपनिषद्, पाठक को जीवन में इन ज्ञान को उतारकर परमेश्वर की निकटता प्राप्त करने का मार्ग बताती है।

  • Sale! Kenopanishad

    Kenopanishad

    Original price was: ₹300.00.Current price is: ₹270.00.

    Kenopanishad यह उपनिषद् वेदमूलक है और तलवकारोपनिषद् के भाष्य का रूप है। अर्जुन देव आर्य ‘विषम’ द्वारा लिखित ‘केनोपनिषद’ हमें उस परमपिता परमेश्वर ‘ओउम्’ के स्वरूप का निरूपण करती है जो मन-इंद्रियों और प्राणों का संचालक है, तथा समस्त ब्रह्मांड को स्वनिर्मित नियमों से चलाता है। इस उपनिषद् का अध्ययन-स्वाध्याय पाठक के मन-मस्तिष्क से मिथ्या भ्रम दूर कर जीवन को सफलता की ओर अग्रसर करता है।

  • Sale! Mandukya Upanishad

    Mandukya Upanishad

    Original price was: ₹200.00.Current price is: ₹180.00.

    Mandukya Upanishad ब्रह्मविद्या की यह पुस्तक सर्वाधिक उत्तम और अद्वैतवादियों को अत्यंत प्रिय है। अर्जुन देव आर्य ‘विषम’ द्वारा लिखित ‘माण्डूक्य उपनिषद’ ब्रह्म की चार अवस्थाओं—वैश्वानर, तेजस, प्राज्ञ, और तुरीय—का वर्णन करती है। यह पाठक को जीवन आनंद की ओर ले जाकर मोक्ष की ओर अग्रसर होने का मार्ग बताती है, जहाँ जीवात्मा सर्वत्र ब्रह्म की उपस्थिति महसूस कर उसी में लीन होकर आनंद प्राप्त करती है।

  • Sale! Ishopanishad

    Ishopanishad

    Original price was: ₹200.00.Current price is: ₹180.00.

    Ishopanishad सच्चिदानंद ब्रह्म ने मनुष्य योनि को सत्य और चित्त (चेतन्य) का ज्ञान प्रदान किया है। अर्जुन देव आर्य ‘विषम’ द्वारा लिखित यह ईशोपनिषद् यजुर्वेद का अंतिम अध्याय है, जो मन-इंद्रियों और प्राणों का संचालक परमेश्वर ‘ओउम्’ के स्वरूप का निरूपण करती है। इसका अध्ययन-चिंतन-मनन पाठक के मन-मस्तिष्क से मिथ्या भ्रम दूर कर जीवन को सफलता की ओर अग्रसर करता है।

  • Sale! Bade Aadmi

    Bade Aadmi

    Original price was: ₹200.00.Current price is: ₹180.00.

    Bade Aadmi पूरन सरमा का व्यंग्य-संग्रह ‘बड़े आदमी’ विद्रूप चेहरों पर गहरी चोट करता है और उन विसंगतियों को उकेरता है जो हमारे परिवेश में रच-बस गई हैं। यह संग्रह मानवीय मुद्राओं को नई बुनघट से नये मुहावरे में गूँथता है, जिसमें बिखरते मूल्यों को सहेजने की सघन वकालत है। व्यंग्यों की शैली नूतन प्रयोगों के साथ उद्घाटित होती है, जिसमें कलात्मक अनुशासन और विनोद भाव दोनों प्रकट होते हैं।

  • Sale! Farji Se Paida Bhayo

    Farji Se Paida Bhayo

    Original price was: ₹400.00.Current price is: ₹360.00.

    Farji Se Paida Bhayo शंकर पुणतांबेकर व्यंग्य साहित्य के बुजुर्ग नामों में से एक हैं, जिन्होंने व्यंग्य को एक विधा माना और उसकी स्थापना में विवेचनात्मक आलेख प्रस्तुत किए। ‘फर्जी से पैदा भयो’ एक विशिष्ट व्यंग्य-संकलन है, जिसमें ‘अमृतसर की गलियों के ताँगेवालों की ज़बान’ की तरह महीन मार है। यह कृति विडम्बना को विदग्धता से प्रस्तुत करती है, जिससे विक्षोभ उत्पन्न होता है, और लेखक की सिद्धहस्त चतुर बयानी में से अपने आप उत्पन्न होने वाली सरसता और रोचकता है।

  • Sale! Hindi Patrakarita Ke Nutan Ksitij

    Hindi Patrakarita Ke Nutan Ksitij

    Original price was: ₹600.00.Current price is: ₹540.00.

    Hindi Patrakarita Ke Nutan Ksitij हिन्दी पत्रकारिता के बहुआयामी विकास और उसके उत्कर्ष का विश्लेषण करने वाली यह कृति, डॉ. मनोहर प्रभाकर और डॉ. कल्याण प्रसाद वर्मा द्वारा प्रस्तुत है। यह सूचना-प्रवाह, सामग्री वैविध्य, मोहक मुद्रण और साज-सज्जा की दृष्टि से हुई प्रगति-यात्रा को उजागर करती है, जो पाठकों के मन और मस्तिष्क को झकझोरने वाली है, और मीडिया के विभिन्न पहलुओं के अध्येताओं की जिज्ञासा को तृप्त करती है।

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