भारतीय संस्कृति और इतिहास

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  • Sale! Political Socio-Economic and Cultural History of Rajasthan

    Political Socio-Economic and Cultural History of Rajasthan

    By: B.L. Panagariya (+1 more)
    Original price was: ₹350.00.Current price is: ₹300.00.

    Rajasthan is the land of heroes and heroins who have inspired generation after generation of Indians with their valour and secrifice in defence of freedom for their mother land. Rajasthan is proud of its cultural heritage. It has been the cradle of civilisations. Its temples, its forts and its palaces are architectural wonders. It is…

  • History of Jaisalmer

    History of Jaisalmer

    ₹250.00

    Jaisalmer remained very famous for It’s rich tradition of music and architectures, It was ruled by Bhatis for a long time. Due to foundation of Bahawalpur state, Devarajpur and other towns of Jaisalmer state were captured by it and the early records and inscriptions of Bhatis have gone to that area. After demolition of Lodrava,…

  • Sale! Mughal Chitrashalli

    मुगल चित्रशैली

    Original price was: ₹500.00.Current price is: ₹400.00.

    मुगल चित्रकला के विभिन्न पहलुओं का विश्लेषणात्मक विवरण वर्तमान पुस्तक की विशेषता है। इस सन्दर्भ में पाण्डुलिपि एवं व्यक्ति-चित्रों के लक्षणों की विशिष्ट व्याख्या को समुचित स्थान दिया गया है। ‘आत्म-चित्र’ जिसके सर्वप्रथम दृष्टान्त मुगल चित्र शैली में उपलब्ध हैं, भारताय कला के इतिहास में एक नवीन अध्याय का श्रीगणेश करते हैं। मुगल कलाकारों की…

  • Sale! Mahadev Govind Ranade

    महादेव गोविंद रानडे

    Original price was: ₹400.00.Current price is: ₹320.00.

    महाराष्ट्र के सुकरात कहे जाने वाले अद्भुत मेधा के धनी तथा बहुआयामी व्यक्तित्व के स्वामी महादेव गोविन्द रानाडे का नाम भारतीय इतिहास में अपना विशिष्ट स्थान रखता है। वे गोपाल कृष्ण गोखले के गुरु थे एवं महात्मा गाँधी उनके कृतित्व से बहुत प्रभावित थे। महादेव गोविन्द रानाडे ने अपने समय में अपनी अहिंसात्मक और उदारवादी…

  • Sale! Sangeet Ka Samajshatra

    संगीत का समाजशास्त्र

    Original price was: ₹200.00.Current price is: ₹160.00.
  • Sale! Pracheen Bharatiya Vidhi Vyastava

    प्राचीन भारतीय विधि व्यवस्था

    Original price was: ₹300.00.Current price is: ₹240.00.

    प्राचीन धर्मशास्त्रीय ग्रंथों (श्रुति, स्मृति एवं मध्यकालीन निबंध) पर आधारित यह पुस्तक प्राचीन भारतीय पारिवारिक एवं साम्पत्तिक विधि के ऐतिहासिक विकास का प्रामाणिक विश्लेषण करती है। इसमें संयुक्त परिवार प्रणाली, पुत्रों के उत्तराधिकार अधिकार और ‘स्त्रीधन’ के विधिक स्वरूप का गहन मूल्यांकन किया गया है, जो भारतीय विधि और इतिहास के शोधार्थियों के लिए अत्यंत उपयोगी है।

  • Sale! Mewar Ke Maharana Aur Shahnshan Akbar

    मेवाड़ के महाराणा और शहंशाह अकबर

    Original price was: ₹500.00.Current price is: ₹400.00.

    पंडित राजेन्द्र शंकर भट्ट द्वारा रचित ऐतिहासिक कृति ‘मेवाड़ के महाराणा और शाहंशाह अकबर’ स्वाधीनता, शौर्य और स्वाभिमान के अमर इतिहास का प्रामाणिक दस्तावेज़ है। मेवाड़ के तत्कालीन महाराणा श्रीमान भगवत सिंह मेवाड़ के प्राक्कथन से सुशोभित यह पुस्तक दर्शाती है कि मेवाड़ का संघर्ष किसी एक राजघराने का नहीं, बल्कि स्वधर्म और आज़ादी की रक्षा के लिए समूचे समाज के सामूहिक आत्मोत्सर्ग की गौरवगाथा है।

  • Sale! Aurangzebnama

    औरंगज़ेबनामा

    Original price was: ₹400.00.Current price is: ₹320.00.

    राजस्थान के आधुनिक इतिहासकारों में मुन्शी देवी प्रसाद का महत्त्वपूर्ण स्थान है। इतिहास के क्षेत्र में उसका एक अनन्य योगदान मध्यकालीन फ़ारसी के ऐतिहासिक ग्रन्थों का हिन्दी अनुवाद है। वर्तमान समय में उसके द्वारा अनुदित ग्रन्थों में खानखानानामा, जहाँगीरनामा, शाहजहाँनामा एवं औरंगज़ेबनामा ग्रन्थ उपलब्ध हैं। तब फ़ारसी से अनभिज्ञ गौरीशंकर हीराचन्द ओझा आदि इतिहासकारों ने…

  • Sale! Changing Phases of Mewar Painting

    Changing Phases of Mewar Painting

    Original price was: ₹750.00.Current price is: ₹600.00.

    There has been a tradition of patronage of arts in Mewar, born and bred in Mewar and has descended from generation to generation. The seed-time goes almost to pre-historical times. Mewar, since ancient times has been a centre of high-quality paintings. The book ‘Changing Phases of Mewar Painting’ provides an analytical description of the paintings…

  • Sale! Afghan Itihaskar aur Itihas-Lekhan

    अफ़ग़ान इतिहासकार और इतिहास-लेखन

    Original price was: ₹800.00.Current price is: ₹599.00.

    मध्यकालीन भारत के इतिहास में लोदी एवं सूर वंश के नेतृत्व में अफगान शासकों ने लगभग एक शताब्दी तक उत्तर भारत पर शासन किया। भारतीय इतिहास की इस महत्त्वपूर्ण अवधि को समझने के लिए समकालीन अफगान इतिहासकारों के लेखन का विशेष महत्व है। यद्यपि इन दोनों अफगान राजवंशों का कोई पूर्ण एवं निर्विवाद समकालीन इतिहास-ग्रन्थ उपलब्ध नहीं है, फिर भी विभिन्न अफगान इतिहासकारों द्वारा लिखित ग्रन्थ इस काल के राजनीतिक, सामाजिक एवं सांस्कृतिक इतिहास के अध्ययन के प्रमुख स्रोत हैं।

    इस पुस्तक में हसन अली, शेख रिज्कुल्लाह मुश्ताकी, अब्बास खाँ सरवानी, मुहम्मद कबीर, अहमद यादगार, अब्दुल्ला तथा ख्वाजा नियामतुल्ला जैसे प्रमुख अफगान इतिहासकारों के व्यक्तित्व, कृतित्व एवं इतिहास-लेखन का विस्तृत एवं आलोचनात्मक अध्ययन प्रस्तुत किया गया है। साथ ही, मुगल इतिहासकार निजामुद्दीन अहमद, अब्दुल कादिर बदायूँनी तथा अबुल फ़ज़ल द्वारा अफगानों के संबंध में व्यक्त विचारों की संक्षिप्त समीक्षा भी सम्मिलित की गई है।

    मध्यकालीन भारतीय इतिहास, इतिहास-लेखन (Historiography) तथा ऐतिहासिक स्रोतों के अध्ययन में रुचि रखने वाले विद्यार्थियों, शोधार्थियों, प्रतियोगी परीक्षाओं के अभ्यर्थियों एवं इतिहास के अध्येताओं के लिए यह पुस्तक एक उपयोगी एवं प्रामाणिक संदर्भ ग्रन्थ है।

  • Sale! Peasant & The State (A Study of 18th Century Rajputana)

    Peasant & The State (A Study of 18th Century Rajputana)

    Original price was: ₹400.00.Current price is: ₹320.00.

    It is a facinating, meticulously documented study of the peasant vis-a-vis the state of Hadouti of eighteenth century, primarily based on archival records preserved at Rajasthan state Archives, Bikaner and its district repositories stationed at Kota and Bundi. The author unveils, for the first time, the growth of agrarian economy in this part of Rajputana…

  • Sale! Loktantratmak Rajasthan Ka Avlokan

    लोकतांत्रिक राजस्थान का अवलोकन

    Original price was: ₹400.00.Current price is: ₹320.00.

    श्री राजेन्द्र शंकर भट्ट राजस्थान के वरिष्ठतम पर्यवेक्षक (आब्जर्वर) हैं। उन्होंने राजस्थान, विशेषकर बदलते-विकसित होते हुए राजस्थान पर बहुत लिखा है। ‘लोकतन्त्रात्मक राजस्थान का अवलोकन’ इसी श्रृंखला की एक कड़ी है। यह पुस्तक, प्रभाव की दृष्टि से मात्र विवरण, रपट या रिपोर्ताज नहीं है, मात्र यात्रावृत्त नहीं है, मात्र देखे हुए की ठंडी प्रस्तुति नहीं…

  • Sale! Rajasthan Ka Sanskritik Pravah

    राजस्थान का सांस्कृतिक प्रवाह

    Original price was: ₹250.00.Current price is: ₹200.00.
  • Sale! Bhartiya Chitrakala Ka Itihas

    भारतीय चित्रकला का इतिहास

    Original price was: ₹350.00.Current price is: ₹280.00.
  • Sale! Rajasthan ke Lok Teerth, Paryatan evam Puratatvik Sthal

    राजस्थान के लोक तीर्थ, पर्यटनएवं पुरातात्त्विक स्थल

    Original price was: ₹120.00.Current price is: ₹99.00.

    राजस्थान का लोकतीर्थ, पर्यटन एवं पुरातात्विक स्थल राजस्थान के प्रमुख तीर्थों, पर्यटन स्थलों और ऐतिहासिक धरोहरों का समग्र परिचय प्रस्तुत करने वाली उपयोगी पुस्तक है। इसमें विभिन्न स्थलों का वर्णन चित्रों सहित सरल और व्यवस्थित रूप में दिया गया है, जिससे पाठकों को विषय को समझने और याद रखने में आसानी होती है। अद्यतन जानकारी के साथ यह पुस्तक विद्यार्थियों, प्रतियोगी परीक्षार्थियों और सामान्य पाठकों के लिए समान रूप से लाभदायक है।

  • Sale! Colonel James Tod Krit Rajasthan ka Itihas

    कर्नल जेम्स टॉड कृत राजस्थान का इतिहास

    Original price was: ₹350.00.Current price is: ₹299.00.
  • Sale! Kathak Nritya Parampara

    कथक नृत्य परंपरा

    Original price was: ₹1,300.00.Current price is: ₹999.00.

    प्रस्तुत पुस्तक में डॉ. प्रेम दवे ने कत्थक नृत्य को परम्परा का विस्तार से विवेचन किया है। नृत्य की उत्पत्ति, विकास, नृत्य के प्रकार-ताण्डव, लास्य, कत्थक नृत्य की उत्पत्ति, इतिहास, कत्थक नृत्य के घराने व विशेषताओं का सूक्ष्मत्तर विवेचन किया गया है। कत्थक नृत्य में पदाघात, नृत्तअंग, लयकारी, भाव प्रदर्शन, वेशभूषा, अभ्यास पद्धति, शैलीगत तालें, गुरु शिष्य परम्परा, परम्परागत व शिष्य सम्प्रदाय के नृत्य साधकों के जीवनवृत्त पर चित्रों सहित प्रकाश डालने के साथ ही विभिन्न प्रकार की क्रियात्मक बंदिशों को लिपीबद्ध किया गया है। डॉ. दवे स्वयं कत्थक नृत्य एवं गायन में उच्च शिक्षा प्राप्त कत्थक नृत्यांगना एवं गायिका हैं। अतः विषय के प्रायोगिक एवं सैद्धान्तिक दोनों पक्षों को सूक्ष्म दृष्टि से हृदयंगम कर पुस्तक में समाहित करने का प्रयास किया है। आशा है, पुस्तक कत्थक नृत्य के स्नातक, स्नातकोत्तर व शोधार्थियों के साथ ही अन्य संगीत नृत्य प्रेमियों के लिए भी उपयोगी सिद्ध होगी।

  • Sale! Sangeet Mein Rasanubhuti

    संगीत में रसानुभूति

    Original price was: ₹1,699.00.Current price is: ₹899.00.

    संगीत में रसानुभूति: कला, कलाकार और उनकी अनुभूतियाँ
    क्या आप जानना चाहते हैं कि विश्व प्रसिद्ध संगीतकार और नर्तक अपनी कला का अनुभव कैसे करते हैं? प्रोफेसर (डॉ.) प्रेम दवे की यह पुस्तक आपको भारतीय शास्त्रीय संगीत की आत्मा में गहराई तक ले जाती है, जहाँ कलाकारों के चित्रों के साथ उनके रस-संबंधी विचारों को विस्तार से प्रस्तुत किया गया है।

    इस पुस्तक में क्या है खास?

    • कलाकारों के अनुभव: भारत के दिग्गज कलाकारों के साक्षात्कारों और विचारों का अनूठा संग्रह।
    • लेखिका की स्वानुभूति: लेखिका, जो स्वयं एक उच्च कोटि की कलाकार (डी. लिट्.) हैं, के अपने अनुभव और चिंतन।
    • सरल और साहित्यिक भाषा: गहन विषय को भी बहुत सरल, रुचिकर और उच्च स्तरीय भाषा में समझाया गया है।
    • सभी के लिए उपयोगी: यह पुस्तक न केवल संगीत के विद्यार्थियों और शोधार्थियों के लिए, बल्कि शास्त्रीय कला के हर रसिक के लिए भी एक अनमोल धरोहर है।

    पुस्तक में शामिल कुछ प्रमुख कलाकार:

    • गायन: पं. जसराज, पं. राजन-साजन मिश्रा, श्रीमती गिरिजा देवी, श्रीमती किशोरी अमोनकर, उस्ताद बड़े गुलाम अली खां साहब, आदि।
    • वादन: पं. रविशंकर, पं. शिव कुमार शर्मा, पं. हरि प्रसाद चौरसिया, पं. विश्व मोहन भट्ट, उस्ताद असद अली खां, पं. किशन महाराज, आदि।
    • नृत्य: पं. बिरजू महाराज, श्रीमती रोहिणी भाटे, सुश्री उमा शर्मा, श्रीमती शोवना नारायण, आदि।
  • Sale! Aachaldas Khichi RI Vachnika

    आचलदास खींची री वचनिका

    Original price was: ₹100.00.Current price is: ₹80.00.
  • Sale! Aadhunik Bharat Ka Rajneetik Aarthik Avam Samajik Itihas (Bhagh-2)

    आधुनिक भारत का राजनीतिक, आर्थिक एवं सामाजिक इतिहास (भाग-2)

    Original price was: ₹800.00.Current price is: ₹640.00.

    1885 ई. में भारतीय राष्ट्रीय काँग्रेस की स्थापना से भारत में एक नये युग का सूत्रपात होता है। काँग्रेस में उदारवादियों की नीतियों की प्रतिक्रियास्वरूप उग्रवाद का उदय तथा क्रान्तिकारी आन्दोलनों ने भारतीयों के मन में एक नवीन चेतना का संचार किया। गाँधीजी के नेतृत्व में काँग्रेस का राष्ट्रीय आन्दोलन, एक जन- आन्दोलन के रूप…

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