Anashwar Geet
अनश्वर गीत
Original price was: ₹100.00.₹90.00Current price is: ₹90.00.
You Save 10%
इक्कीसवीं सदी की हिंसा, आतंकवाद और अमानवीय अत्याचारों के विरुद्ध आवाज उठाते गीतों का ओजस्वी संग्रह। यह पुस्तक रोशनी की तलाश और अंधकार को चीरकर मंजिल तक पहुँचने के आह्वान को व्यक्त करती है।
In stock
इक्कीसवीं सदी पीछे छोड़ चुकी है-दो विश्वयुद्धों, आज़ादी के लिए संघर्षरत देशों में साम्राज्यवादियों के अत्याचारों, आज़ाद हुए देशों में विभाजन-जन्य सैन्य आक्रमणों, जातियों-धर्मों के पारस्परिक द्वन्द्वों आदि से वृद्धि पाती भीषण हिंसा घर में हिंसा … सड़क पर हिंसा …. बाजार में वैश्वीकरण के संकटों से चुपचाप पैर आतंकवाद के निरन्तर बढ़ते हिंसा पसारती हिंसा घेरे ! हम भूल गए नागासाकी और हिरोशिमा भूल गए विश्व पर एकाधिकार के लिए प्रयास-रत बड़ी शक्तियों के तिलस्मी हाथ ! और आ गया इक्कसवीं सदी का वर्ष 2004
‘अनश्वर गीत’ इन सब हिंसाओं के विरुद्ध आवाज़ देते गीतों का ओजस्वी संग्रह है-
बहुत हो चुका अब रोको रथ हिंसा और अनय का।
X X X
नागासाकी-हिरोशिमा से सीखो पाठ समय का।
हिंसा और बहुमुखी अमानवीय अत्याचारों के अंधकार को मिटाना है; उसे चीरते हुए मंज़िल तक रोशनी ले जाने वाले की कवि को तलाश है-
अंधकार को देख रुके तुम, कैसे सूरज आएगा? कौन गगन को चीर रोशनी, मंजिल तक ले जाएगा?
| Weight | 260 g |
|---|---|
| Dimensions | 22.5 × 14.5 × 1 cm |
| Genre |







Reviews
There are no reviews yet.