₹350.00Original price was: ₹350.00.₹315.00Current price is: ₹315.00.
Saltantakalin Itihaskar Evam Itihas-Lekhan भारतीय वाङ्मय में इस्लाम की सबसे बड़ी देन इतिहास-लेखन के रूप में है। डॉ. अशोक कुमार सिंह की यह कृति सल्तनतकालीन इतिहास लेखकों—हसन निजामी, मिनहाज सिराज, अमीर खुसरो, जियाउद्दीन बरनी—की कृतियों की विवेचना करती है। यह फारसी इतिहास-लेखन परंपरा के प्रभावों और इस काल के इतिहास-लेखन के गुण-दोषों पर प्रकाश डालती है।
₹300.00Original price was: ₹300.00.₹270.00Current price is: ₹270.00.
Mughal kalin Bharat ke Pramukh Itihaskar मुगलकालीन भारत के प्रमुख इतिहासकारों द्वारा तत्कालीन सामाजिक, आर्थिक, धार्मिक और राजनीतिक स्थिति के विवरणों का संग्रह। डॉ. दिनेश मांडोत की यह कृति मुगल बादशाहों के व्यक्तिगत चरित्र, प्रशासनिक व्यवस्था, साम्राज्य विस्तार के युद्धों, और आर्थिक-सामाजिक सुधारों जैसी विविध पक्षों की महत्वपूर्ण जानकारियाँ प्रदान करती है।
₹400.00Original price was: ₹400.00.₹320.00Current price is: ₹320.00.
It is a facinating, meticulously documented study of the peasant vis-a-vis the state of Hadouti of eighteenth century, primarily based on archival records preserved at Rajasthan state Archives, Bikaner and its district repositories stationed at Kota and Bundi. The author unveils, for the first time, the growth of agrarian economy in this part of Rajputana…
₹500.00Original price was: ₹500.00.₹400.00Current price is: ₹400.00.
किसी भी सुदृढ़ साम्राज्य की सततता के लिए स्थायी, दृढ़ और जनकल्याण उत्प्रेरक नीतियों की स्थापना अनिवार्य प्रक्रिया है। दूरदर्शी अकबर ने मुगल साम्राज्य को जो राजनीतिक और सांस्कृतिक गौरव प्रदान किया था वह औरंगजेब और उसके उत्तराधिकारियों के युग में धराशायी हो गया। मुगलों में उत्तराधिकार की स्थायी और निश्चित परम्परा न होने से…
₹300.00Original price was: ₹300.00.₹240.00Current price is: ₹240.00.
प्रस्तुत कृति में मध्यकालीन भारतीय इतिहास के सल्तनतकालीन और मुगलकालीन इतिहासकारों के संक्षिप्त परिचय के साथ-साथ उनके द्वारा रचित कृतियों की विशेषताओं का समालोचनात्मक विवेचन किया गया है। साथ ही उनकी कृतियों में सन्निहित सामग्री की भी स्पष्ट झलक मिलती है। मध्यकाल में भारत में बहुत से विदेशी यात्री आए, उन्होंने यहाँ रहकर इस देश…
₹500.00Original price was: ₹500.00.₹400.00Current price is: ₹400.00.
मुगल सम्राटों में बाबर से लेकर शाहजहां तक का युग मुगल साम्राज्य के उत्थान के रूप में स्मरण किया जाता है। मुगल सम्राट्-बाबर, हुमायूँ, अकबर, जहांगीर और शाहजहां में अकबर को छोड़कर शेष सम्राट् बहुत अधिक बुद्धिमान या दूरदर्शी नहीं थे। बाबर और हुमायूँ तो इस देश की भूमि से जुड़ ही नहीं पाये। भारत…
₹500.00Original price was: ₹500.00.₹400.00Current price is: ₹400.00.
मध्यकालीन भारतीय इतिहास फारसी क्रोनिकल्स के द्वारा प्रगट होता है। इन ग्रन्थों के विवरण मुस्लिम विजेताओं का दृष्टिकोण प्रस्तुत करते हैं। जिसे बहुत से इतिहासकारों ने अपरीक्षित रूप से दोहरा दिया है। सल्नतकाल के राजनीतिक इतिहास के विषय में भी यह सत्य है। मध्यकालीन इतिहास का सल्तनत युग राजनीतिक दृष्टि से नितान्त प्रभावहीन था। न…
₹500.00Original price was: ₹500.00.₹400.00Current price is: ₹400.00.
सातवीं शताब्दी में वर्द्धन साम्राज्य के पतन के पश्चात् से लगभग ग्यारहवीं शताब्दी के प्रारम्भ तक उत्तर भारत में गुर्जर प्रतीहार, चाहमान, चालुक्य, चन्देल, परमार, गहड़वाल, पाल, सेन तथा गंग जैसे अनेक राजवंशों का उदय हुआ जिन्होंने अपनी शक्ति को बढ़ाकर सम्पूर्ण उत्तरी भारत पर अधिकार करने का प्रयत्न किया। इस प्रयत्न में गुर्जर, प्रतीहार…
₹200.00Original price was: ₹200.00.₹180.00Current price is: ₹180.00.
Shahjahankalin Bharat (1628-1658) मुगल साम्राज्य के स्वर्णकाल, शाहजहाँ के शासन (1628-1658 ई.) का ऐतिहासिक विवेचन। डॉ. एल.पी. माथुर और प्रो. एम.एल. मांडोत की यह पुस्तक आंतरिक शांति, सुदृढ़ शासन प्रबंध, सांस्कृतिक उन्नति (ताजमहल, तख्ते-ताऊस), और साम्राज्य की आर्थिक सुदृढ़ता का चित्रण करती है, साथ ही उत्तराधिकार युद्ध और औरंगजेब की धर्मान्धता जैसी दुःखद घटनाओं का भी विश्लेषण करती है।
₹500.00Original price was: ₹500.00.₹450.00Current price is: ₹450.00.
Tuglak Kaleen Itihaskar avam Itihas भारतीय वाङ्मय में इस्लाम की सबसे बड़ी देन इतिहास-लेखन के रूप में है। डॉ. अशोक कुमार सिंह की यह कृति तुगलक वंश (1320-1414 ई.) के शासकों के समय हुए मुस्लिम इतिहास-लेखन पर प्रकाश डालती है, जिसमें अमीर खुसरो से लेकर शम्स सिराज अफीफ तक के लेखकों की कृतियों का गंभीर विवेचन किया गया है।
₹800.00Original price was: ₹800.00.₹720.00Current price is: ₹720.00.
Madhyakalin Rajasthan Ka Itihas भारत में मुस्लिम राज्य की स्थापना से लेकर राणा प्रताप और वीर दुर्गादास राठौड़ के समय तक के मध्यकालीन राजस्थान का इतिहास, साहस, शौर्य और बलिदान की एक अनुपम गाथा है। डॉ. कालूराम शर्मा की यह पुस्तक राजपूत शासकों की सैनिक गतिविधियों, कूटनीति और स्वतंत्रता के आदर्शों का प्रामाणिक एवं आलोचनात्मक विवेचन प्रस्तुत करती है।
₹400.00Original price was: ₹400.00.₹360.00Current price is: ₹360.00.
Babarkalin Bharat मुगल साम्राज्य के संस्थापक बाबर के व्यक्तित्व, कृतित्व और उनके समय के भारत का महत्वपूर्ण विवेचन। डॉ. दिनेश मांडोत की यह कृति बाबर के भारत आगमन के कारण, तत्कालीन आर्थिक-राजनीतिक स्थिति, पानीपत और खानवा के युद्ध, तथा प्रशासनिक व्यवस्था का ऐतिहासिक तथ्यों के आधार पर विश्लेषणात्मक अध्ययन प्रस्तुत करती है।
₹300.00Original price was: ₹300.00.₹270.00Current price is: ₹270.00.
सल्तनतकालीन भारत की सामाजिक, आर्थिक, धार्मिक और राजनीतिक स्थिति का प्रामाणिक विवरण प्रस्तुत करती यह पुस्तक, उस काल के प्रमुख इतिहासकारों के वृत्तांतों का गहन विश्लेषण है। सुल्तानों के चरित्र, प्रशासनिक व्यवस्था और युद्धों की जानकारी के लिए एक अनिवार्य संदर्भ।