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Bhishm Sahani ka Katha Sahitya

भीष्म साहनी का कथा साहित्य

Language: Hindi
Format: Hardcover
Pages: 232
Edition: First, 2014
ISBN: 978-81-7056-601-4

Original price was: ₹500.00.Current price is: ₹450.00.

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Bhishm Sahani ka Katha Sahitya प्रेमचन्द की परंपरा को समग्रता में आगे बढ़ाने वाले कथाकारों में भीष्म साहनी का नाम अग्रणी है। डॉ. चंद्रप्रकाश महर्षि की यह कृति भीष्म साहनी के कथा-साहित्य का गहनता से अवगाहन करती है, जो उनके लेखन की सहजता, सरलता और रचनात्मक बहुआयामीपन को उजागर करती है। यह पुस्तक भीष्म साहनी की रचना-प्रक्रिया के अंतःसूत्रों को विश्लेषित करती है और हमारे समय व समाज को समझने में सहायक है।

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प्रेमचन्द की परम्परा को समग्रता में आगे बढ़ाने वाले कथाकारों में भीष्म साहनी का नाम सबसे अग्रणी है। भीष्म साहनी ने प्रेमचन्द की तरह ही सहजता और सरलता को अपने लेखन का केन्द्रीय तत्त्व बनाया और अपनी रचनाओं के बल पर वे आधुनिक रचनाकारों में शीर्ष पर पहुँचे। वे अपने समय और समाज को संवेदना के स्तर पर जीते हैं तथा अपने अनुभव के ताप में पकाकर रचना का रूप देते हैं। भीष्म साहनी की रचनाएँ ऊपर से देखने में जितनी सहज और सरल लगती हैं, अपनी रचनात्मकता में उतनी ही जटिल और बहुआयामी हैं। रचनाओं में अभिव्यक्त सामाजिक समस्याओं की अनेक परतें पाठक के समक्ष खुलती जाती हैं और पाठक सहज ही भीष्म साहनी द्वारा व्यक्त अनुभवों का हिस्सा बन जाता है। भीष्म साहनी के लेखन की खूबी यह है कि वह पाठकों को व्यक्त अनुभव का सहभागी बनाकर अपने साथ बहा ले जाता है। यह उनकी रचनाओं की सार्वजनीन और सार्वजनिक अपील है।

इस कृति में डॉ. चन्द्रप्रकाश महर्षि ने भीष्म साहनी के रचना संसार का गहनता और गम्भीरता के साथ अवगाहन किया है तथा उन सूत्रों को पूरे बल के साथ रेखांकित किया है जो भीष्म साहनी को वर्तमान समय का महान रचनाकार बनाते हैं। इस कृति में लेखक ने भीष्म साहनी की रचना-प्रक्रिया के अन्तःसूत्रों को विश्लेषित किया है। यह विश्लेषण पाठक को भीष्म साहनी के रचना संसार को समझने में ही मदद नहीं करता, प्रत्युत हमारे समय और समाज को समझने में समर्थ बनाता है।

Weight400 g
Dimensions22.5 × 14.5 × 1.5 cm
Genre

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